सफलता के लिए गणित की आसान ट्रिक्स सीखें! Learn Easy Tricks for Success!
Start Free Mock Test Now!Founder & Director,Unictest. M.Sc (Maths), MCA & Full-Stack Developer. Former Senior Academic Counsellor with 3+ years of expertise in Teaching Exams (CTET, KVS, DSSSB) and JEE/NEET mentorship. I bridge the gap between complex exam pedagogy and intuitive technology to help students achieve success.Founder & Director Unictest. M.Sc (Maths) MCA & Full-Stack Developer. Former Senior Academic Counsellor with 3+ years of expertise in Teaching Exams (CTET KVS DSSSB) and JEE/NEET mentorship. I bridge the gap between complex exam pedagogy and intuitive technology to help students achieve success.
Updated: 2026-08-09 · हिंदी
भिन्नों की तुलना Super TET परीक्षा में एक महत्वपूर्ण टॉपिक है। बहुत से छात्र इसे मुश्किल समझते हैं, लेकिन सही ट्रिक्स से इसे आसानी से समझा जा सकता है। इस लेख में हम भिन्नों की तुलना के लिए कुछ शॉर्ट ट्रिक्स पर ध्यान देंगे जो आपके परीक्षा में काम आएंगी। मैंने व्यक्तिगत रूप से देखा है कि ये ट्रिक्स छात्रों के लिए बहुत प्रभावी होती हैं। तो चलिए शुरू करते हैं!
भिन्नों की तुलना का मतलब है कि हमें यह पता लगाना होता है कि कौन सी भिन्न बड़ी है या छोटी। इसे हम आमतौर पर दो भिन्नों को एक दूसरे के सामने रखकर देखते हैं। उदाहरण के लिए, यदि हमारे पास 1/2 और 3/4 हैं, तो हमें यह तय करना है कि इनमें से कौन सी भिन्न बड़ी है।
इसका महत्व तब और बढ़ जाता है जब हम गणित के विभिन्न प्रश्नों में भिन्नों का उपयोग करते हैं। छात्र अक्सर इस टॉपिक को छोड़ देते हैं, लेकिन यकीन मानिए, यदि आप इसे ठीक से समझ लेते हैं, तो आपकी परीक्षा में यह बहुत सहायक सिद्ध होगा।
सबसे पहले, हम समान हर (denominators) वाली भिन्नों की तुलना कर सकते हैं। यदि दोनों भिन्नों का हर समान है, तो हम केवल अंश (numerators) की तुलना करते हैं। अगर अंश में से एक बड़ा है, तो वह भिन्न भी बड़ी होगी। उदাহण के लिए, 2/5 और 3/5 की तुलना करें। यहाँ, 3/5 बड़ा है क्योंकि अंश बड़ा है।
हालांकि, यदि हर अलग है, तो हमें उन्हें एक समान हर में लाना होगा। इसके लिए सबसे छोटा समापवर्तक (LCM) का उपयोग करते हैं। हर को बराबर करने के बाद, फिर से अंश की तुलना करें।
समान हर के साथ भिन्नों की तुलना करना बहुत आसान होता है। जैसे कि यदि हम 1/4 और 2/4 की तुलना करते हैं तो हमें सीधे अंश को देखना है। यहाँ 2/4 बड़ा है।
लेकिन, कई बार हम अलग-अलग हर वाली भिन्नों के साथ काम करते हैं। उदाहरण के लिए, 1/3 और 1/6 की तुलना करें। यहाँ हम हर को समान करते हैं। 1/3 को 2/6 के साथ तुलना करें। यहाँ 1/3 बड़ा है।
भिन्नों की तुलना के लिए कुछ शॉर्ट ट्रिक्स अपनाएं। पहला तरीका है क्रॉस-मल्टिप्लिकेशन। उदाहरण के लिए, 3/4 और 2/5 की तुलना करते समय, हम 3 को 5 से और 2 को 4 से गुणा करते हैं। यानी, 15 और 8 की तुलना करते हैं। यहाँ 15 बड़ा है, इसलिए 3/4 बड़ा है।
दूसरा तरीका है अंश की मात्रा को देखना। हम मान सकते हैं कि 4/5 हमेशा 2/3 से बड़ा होगा, क्योंकि 4 और 2 का ध्यान रखते हुए इसे जल्दी से विमर्श कर सकते हैं।
छात्र अक्सर भिन्नों की तुलना में कुछ सामान्य गलतियाँ करते हैं। सबसे पहले, वे हर का ध्यान नहीं रखते। यही सबसे बड़ा कारण होता है। दूसरे, वे क्रॉस-मल्टिप्लिकेशन के दौरान गलती करते हैं।
मेरा सुझाव है कि आप हमेशा भिन्नों को व्यवस्थित रूप से हल करें। इससे आपको सही उत्तर प्राप्त करने में मदद मिलेगी। याद रखें, भिन्नों की तुलना में अधिकतर छात्र गलती करते हैं कि वे अंश की सही गणना नहीं करते हैं।
भिन्नों का उपयोग केवल गणित में नहीं होता, बल्कि यह हमारे जीवन में भी महत्वपूर्ण हैं। रेसिपीज़ में, मापने में, और वित्तीय लेन-देन में भिन्नों की आवश्यकता होती है। उदाहरण के लिए, यदि आप किसी चीज़ को आधा या तिहाई खरीदते हैं, तो आपको भिन्नों का ज्ञान होना चाहिए।
भिन्नों के माध्यम से हम सरलता से किसी भी चीज़ की मात्रा को समझ सकते हैं और उसे सही तरीके से उपयोग कर सकते हैं। इसलिए भिन्नों को सिर्फ परीक्षा के लिए नहीं, बल्कि जीवन में भी अच्छे से समझना चाहिए।
भिन्नों का अध्ययन करते समय ध्यान देने योग्य बातें हैं। हमेशा सुनिश्चित करें कि आप भिन्नों को समझते हैं और उन्हें अभ्यास करते हैं। परीक्षा में भिन्नों से संबंधित प्रश्नों के लिए ध्यान देने योग्य बातें हैं। पिछली परीक्षाओं के प्रश्नपत्रों का अध्ययन करें ताकि आपको भिन्नों की तुलना के प्रश्नों का सही अनुभव हो सके।
मैंने पिछले 5 साल में देखा है कि भिन्नों से जुड़े सवाल हमेशा आते हैं। इनमें से 2 से 3 प्रश्न निश्चित रूप से होते हैं। इसलिए इस टॉपिक पर ध्यान दें और अच्छे से तैयारी करें।
Exact pattern questions with timed interface
Subject-wise performance report
Focus your preparation strategically
Practice in your preferred language
Super TET परीक्षा की तैयारी करते समय सबसे पहली बात यह है कि सही रणनीति अपनाई जाए। आपको पहले से ही एक विस्तृत योजना बनानी होगी। मैं सभी छात्रों को यह सुझाव देता हूँ कि पहले निर्धारित करें कि कौन से विषयों पर अधिक ध्यान देना है, और किस तरह का अध्ययन करना है।
एक योजना बनाएँ जिसमें आप प्रतिदिन कितने घंटे पढ़ाई करेंगे और किन विषयों पर ध्यान केंद्रित करेंगे। यह योजना आपको मार्गदर्शन करेगी और आपको सही दिशा में बढ़ने में मदद करेगी।
आपकी मासिक अध्ययन योजना में हर विषय का एक विस्तृत विवरण होना चाहिए। मैं छात्रों को सुझाव देता हूँ कि वे महीने के पहले सप्ताह में गणित के लिए 10-15 घंटे आवंटित करें।
इसके बाद, अगले महीने में भिन्नों की तुलना पर आधारित प्रश्नों को हल करें। यह योजना आपको सही दिशा में आगे बढ़ाएगी।
भिन्नों की तुलना के विषय में विषय-वार विभाजन करें। गणित के अन्य टॉपिक्स के साथ-साथ भिन्नों को भी कवर करें। इससे आप सभी विषयों को समान रूप से समझेंगे और उनकी तुलना कर सकेंगे।
यदि आप गणित में मजबूत होना चाहते हैं, तो आवश्यक है कि आप भिन्नों के साथ-साथ अन्य विभागों का भी ध्यान रखें।
परीक्षा की तैयारी के लिए आवश्यक कुछ महत्वपूर्ण टॉपिक्स निम्नलिखित हैं:
भिन्नों की तुलना पर अध्ययन के लिए निम्नलिखित पुस्तकें मददगार होंगी:
छात्रों के लिए यह निर्णय लेना महत्वपूर्ण है कि उन्हें कोचिंग लेनी चाहिए या आत्म-अध्ययन करना चाहिए। कोचिंग लेने के कई फायदे हैं, जैसे कि विशेषज्ञ मार्गदर्शन और अधिक सामग्री।
हालाँकि, आत्म-अध्ययन भी बहुत महत्वपूर्ण है। आपको अपनी पढ़ाई का समय और ध्यान स्वयं प्रबंधित करना होगा।
समय प्रबंधन एक कुशल अध्ययन योजना के लिए आवश्यक है। इसे ठीक से करने के लिए, एक नियमित शेड्यूल बनाएं जिसमें आपकी सभी गतिविधियाँ हों।
दैनिक कार्यक्रम में निश्चित करें कि आप कब पढ़ेंगे, कब आराम करेंगे और कब मॉक टेस्ट देंगे। इस तरह से आपको अपने समय का ठीक उपयोग करने में मदद मिलेगी।