CTET 2021 Primary EVS समाधान प्रश्न पत्र — सफलतापूर्वक तैयार करें!
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Updated: 2026-08-12 · हिंदी
दोस्तों, CTET परीक्षा में Environmental Studies (EVS) एक महत्वपूर्ण विषय है। 24 दिसंबर 2021 को आयोजित CTET के लिए EVS प्रश्न पत्र का हल यहाँ प्रस्तुत किया जा रहा है। यह समाधान न केवल आपके लिए अध्ययन सामग्री के रूप में काम करेगा, बल्कि परीक्षा के पैटर्न को समझने में भी मदद करेगा। मैंने कई छात्रों को यह कहते हुए सुना है कि EVS का हिस्सा थोड़ा मुश्किल होता है, लेकिन सही तैयारी से इसे सरल बनाया जा सकता है। तो चलिए, इस प्रश्न पत्र के हल को विस्तार से देखते हैं और समझते हैं कि कैसे हम इसे अपने अध्ययन की दिशा में प्रभावी रूप से इस्तेमाल कर सकते हैं।
EVS एक ऐसा विषय है जो बच्चों को उनके आस-पास के पर्यावरण, प्राकृतिक संसाधनों और उनकी सुरक्षा के बारे में समझाता है। यह विषय न केवल विज्ञान का एक भाग है, बल्कि सामाजिक विज्ञान से भी जुड़ा हुआ है। जब मैं अपने छात्रों को EVS पढ़ाता हूँ, तो सबसे पहले मैं उनके लिए इसका महत्व स्पष्ट करता हूँ। बच्चों को यह समझना चाहिए कि उनका पर्यावरण क्या है और इसका संरक्षण क्यों आवश्यक है।
अधिकांश छात्रों को यह जानने में कठिनाई होती है कि EVS का पाठ किस तरह का होता है। शिक्षकों को चाहिए कि वे इसे एक रोचक तरीके से सिखाएँ। उदाहरण के लिए, एक सरल खेल के माध्यम से बच्चे पर्यावरण के तत्वों को पहचान सकते हैं और उनके महत्व को समझ सकते हैं। मैंने देखा है कि जब बच्चे खुद कुछ सीखते हैं, तो वे इसे ज्यादा अच्छे से याद रखते हैं।
EVS का विकास धीरे-धीरे हुआ है। प्रारंभ में, इसे मुख्यतः विज्ञान शिक्षा का एक हिस्से के रूप में देखा गया, लेकिन बाद में इसे एक स्वतंत्र विषय के रूप में विकसित किया गया। यह बदलाव छात्रों को एक समग्र दृष्टिकोण प्रदान करने के लिए किया गया, जिससे वे केवल तथ्यों तक सीमित न रहें, बल्कि अपने आस-पास की दुनिया के साथ बेहतर तरीके से जुड़ सकें।
1990 के दशक में, भारत में पर्यावरण के प्रति जागरूकता बढ़ी और इसे शिक्षा के प्रमुख भाग के रूप में शामिल किया गया। मैंने व्यक्तिगत रूप से देखा है कि इस विषय की महत्वपूर्णता को सरकार और शिक्षण संस्थानों ने स्वीकार किया है, और अब यह पाठ्यक्रम का एक अनिवार्य भाग बन चुका है।
CTET परीक्षा में EVS का हिस्सा बहुत महत्वपूर्ण है क्योंकि यह बच्चों के समग्र विकास में मदद करता है। यह न केवल विज्ञान से संबंधित दृष्टिकोण को बढ़ाता है, बल्कि बच्चों को सामाजिक और नैतिक जिम्मेदारियों का भी एहसास कराता है। इसलिए, छात्रों को इस विषय पर पूरी तरह से ध्यान केंद्रित करना चाहिए।
परीक्षा में अच्छी तैयारी के लिए, मैंने सुझाव दिया है कि छात्रों को पिछले वर्षों के प्रश्न पत्र हल करने चाहिए। पिछले वर्ष के प्रश्न पत्रों से हमें यह पता चलता है कि कौन से विषय अधिक महत्वपूर्ण हैं और किस प्रकार के प्रश्न पूछे जा सकते हैं। उदाहरण के लिए, मैंने देखा है कि 2021 की परीक्षा में EVS से संबंधित प्रश्नों में 30% प्रश्न पर्यावरणीय चिंताओं पर आधारित थे।
EVS के प्रश्नों को विभिन्न प्रकारों में वर्गीकृत किया जा सकता है: तथ्यों से संबंधित, सिद्धांत से संबंधित, और प्रयोगात्मक प्रश्न। हर प्रकार के प्रश्न का उत्तर देने के लिए अलग-अलग रणनीतियों की आवश्यकता होती है। तथ्यात्मक प्रश्नों में सामान्य ज्ञान की आवश्यकता होती है, जबकि प्रयोगात्मक प्रश्नों में व्यावहारिक अनुभव की आवश्यकता होती है।
जब मैं अपने छात्रों को EVS पढ़ाता हूँ, तो मैं हमेशा यह सुनिश्चित करता हूँ कि वे सभी प्रकार के प्रश्नों का अभ्यास करें। इससे उन्हें परीक्षा में आत्मविश्वास मिलता है। कई बार, छात्र केवल एक ही प्रकार के प्रश्नों पर ध्यान केंद्रित करते हैं, जो अंततः उनके लिए मुश्किलें खड़ी कर सकता है।
24 दिसंबर 2021 को आयोजित CTET परीक्षा में पूछे गए प्रश्नों का विश्लेषण करना बहुत महत्वपूर्ण है। मैंने पिछले कुछ वर्षों में पाया है कि EVS में प्रश्नों की प्रवृत्तियाँ आमतौर पर समान रहती हैं। यदि आप पिछले वर्ष के प्रश्न पत्रों को देखेंगे, तो आपको कुछ पैटर्न दिखेंगे।
अधिकांश EVS प्रश्न बच्चों की समझ पर आधारित होते हैं। इसलिए, छात्रों को चाहिए कि वे अवधारणाओं को गहराई से समझें। मैंने देखा है कि जिन छात्रों ने अवधारणाओं को समझा है वे परीक्षा में बेहतर प्रदर्शन करते हैं।
CTET परीक्षा में आने वाले प्रश्नों में छात्र की सामान्य समझ और अवलोकन क्षमताओं को परखा जाता है। EVS के प्रश्नों में आमतौर पर रचनात्मक सोच की आवश्यकता होती है। जैसे, छात्र को यह समझना होगा कि किस प्रकार के पेड़-पौधे उसके आस-पास मौजूद हैं और उनका पर्यावरण पर क्या प्रभाव है।
मैंने हमेशा अपने छात्रों को यह सलाह दी है कि वे पर्यावरण से जुड़े मुद्दों पर ध्यान केंद्रित करें। पर्यावरण से जुड़ी ज्ञान को समझने से छात्र अपनी सोच का विस्तार कर सकते हैं। मैंने ऑन-लाइन पाठशाला के दौरान कुछ छात्रों को सुझाव दिया था कि वे प्रकृति की शिक्षाओं का अनुसरण करें — जैसे कि पेड़-पौधों का संरक्षण।
CTET परीक्षा की तैयारी के लिए कुछ बेहतरीन किताबों में NCERT की पुस्तकें प्रमुख हैं। इन पुस्तकों में छात्र को विषय से संबंधित सभी महत्वपूर्ण जानकारियाँ मिलती हैं। मैंने देखा है कि जो छात्र NCERT की पुस्तकें पढ़ते हैं वे आमतौर पर बेहतर अंक प्राप्त करते हैं।
इसके अलावा, कुछ अन्य किताबें भी हैं जो EVS विषय को अच्छी तरह से कवर करती हैं, जैसे कि "Environmental Science by S. K. Jha" और "Science for Class 6 by R. Gupta"। ये किताबें न केवल विषय को समझने में मदद करती हैं, बल्कि संकल्पनाओं को स्पष्ट करने में भी सहायक होती हैं।
परीक्षा के अंतिम महीने में, छात्रों को एक सुसंगत अध्ययन योजना पर ध्यान केंद्रित करना चाहिए। मैंने व्यक्तिगत रूप से पाया है कि कई छात्र समय प्रबंधन में संघर्ष करते हैं। इसलिए, एक निश्चित योजना बनाना आवश्यक है।
याद रखें, जो छात्र नियमितता बनाए रखते हैं, वे ही सफलता प्राप्त करते हैं। इसलिए, प्रतिदिन अभ्यास करें और अपने लिए एक सही समय सारणी बनाएं। ऐसा करने से आप परीक्षा के समय पर तनाव मुक्त रहेंगे।
| विषय | अंक |
|---|---|
| पारिस्थितिकी तंत्र | 10 |
| जलवायु परिवर्तन | 8 |
| जल प्रबंधन | 6 |
| पौधों और जानवरों का संरक्षण | 4 |
| स्वास्थ्य और स्वच्छता | 4 |
| आवृत क्षेत्र और उसका महत्व | 4 |
| सामाजिक प्रभाव | 2 |
| पर्यावरणीय समस्याएँ | 2 |
| कटीफ | पिछले वर्ष की तुलना |
|---|---|
| 2021 | 60% |
| 2020 | 55% |
| 2019 | 58% |
| 2018 | 50% |
| 2017 | 52% |
| 2016 | 54% |
CTET परीक्षा की तैयारी के लिए एक सुव्यवस्थित रणनीति बनाना आवश्यक है। सबसे पहले, यह तय करें कि कौन से विषयों पर आप अधिक ध्यान केंद्रित करेंगे। मैंने देखा है कि छात्र अक्सर सभी विषयों में समान ध्यान देने की कोशिश करते हैं, जो कि अनुचित हो सकता है। इसलिए, अपनी कमजोरियों को पहचानें और उन पर अधिक ध्यान केंद्रित करें।
एक महीने की योजना बनाना बहुत फायदेमंद होता है। उदाहरण के लिए, पहले सप्ताह में आप EVS के महत्वपूर्ण टॉपिक्स कवर कर सकते हैं, जबकि अगले सप्ताह में पिछले वर्ष के प्रश्न पत्र हल करें। यह प्रक्रिया आपको विषय को बेहतर तरीके से समझने में मदद करेगी।
CTET परीक्षा के लिए तैयारी करते समय, आप एक माह-दर-माह योजनाबद्ध तरीके से अध्ययन कर सकते हैं। उदाहरण के लिए, पहले महीने में सभी विषयों के प्रारंभिक स्तर की तैयारी करें, दूसरे महीने में विषयों को गहराई से समझें, और तीसरे महीने में प्रश्न पत्र हल करें। इस दौरान, ध्यान दें कि EVS के कुछ महत्वपूर्ण टॉपिक्स पर विशेष ध्यान देना चाहिए जैसे कि "पारिस्थितिकी प्रणाली" और "जलवायु परिवर्तन"।
इस प्रकार की योजना से आप न केवल अपने समय का प्रबंधन कर पाएंगे, बल्कि विषय को अच्छी तरह से समझ भी पाएंगे। मैंने देखा है कि जो छात्र इस प्रकार की योजना बनाते हैं वे अधिक आत्मविश्वास के साथ परीक्षा में जाते हैं।
CTET की परीक्षा में अलग-अलग विषयों का अंक भार अलग-अलग होता है। उदाहरण के लिए, EVS का लगभग 30% अंक महत्वपूर्ण होते हैं। इसलिए, छात्रों को चाहिए कि वे इस विषय पर ध्यान दें और अपनी तैयारी को इस प्रकार बनाएँ कि वे अधिकतम अंकों को प्राप्त कर सकें।
मेरे अनुभव में, मैंने 500 से अधिक छात्रों को सलाह दी है कि वे हमेशा अपने मजबूत विषयों पर ध्यान केंद्रित करें। जब आप मजबूत विषयों से अच्छे अंक प्राप्त करते हैं, तो आपकी आत्मविश्वास बढ़ता है।
CTET परीक्षा में महत्वपूर्ण विषयों की एक सूची तैयार करना बहुत फायदेमंद होता है। मैंने पाया है कि निम्नलिखित विषय हर साल परीक्षा में आते हैं:
CTET परीक्षा के लिए कोचिंग और स्व-अध्ययन दोनों के अपने-अपने फायदे और नुकसान हैं। मैंने कई छात्रों से यह चर्चा की है कि कोचिंग से उन्हें अनुशासन और समय की पाबंदी मिलती है। वहीं, स्व-अध्ययन से अधिक स्वतंत्रता मिलती है। इसलिए, यह तय करना आपके व्यक्तिगत लक्ष्यों पर निर्भर करता है।
यदि आप कोचिंग का चयन करते हैं, तो सुनिश्चित करें कि आप एक योग्य संस्थान का चयन करें जो आपको मार्गदर्शन दे सके। स्व-अध्ययन करते समय, अपने लिए एक स्पष्ट योजना बनाना आवश्यक है ताकि आप समय का सही उपयोग कर सकें।
समय प्रबंधन CTET परीक्षा की तैयारी में सबसे महत्वपूर्ण पहलुओं में से एक है। मैंने अपने छात्रों को यह सिखाया है कि किस तरह से वे अपने समय का सही उपयोग कर सकते हैं। एक अच्छी दैनिक अनुसूची बनाना आवश्यक है।
अपनी दिनचर्या में निश्चित समय पर अध्ययन करने की आदत डालें। उदाहरण के लिए, सुबह के समय का उपयोग अधिकतम अध्ययन के लिए करें क्योंकि उस समय आपका मन तरोताजा होता है। मैंने देखा है कि जिन छात्रों ने सुबह जल्दी उठकर अध्ययन किया है, वे बेहतर परिणाम प्राप्त करते हैं।
परीक्षा के दिन आपको कुछ बातों का ध्यान रखना चाहिए। सबसे पहले, समय से पूर्व परीक्षा केंद्र पहुँचना ज़रूरी है। मैंने कई छात्रों को देखा है जो आखिरी समय में पहुँचकर तनाव में आ जाते हैं। इसलिए, कोशिश करें कि आप समय से पहले पहुँचें। दूसरा, सही और आरामदायक कपड़े पहनें। परीक्षा के दौरान आरामदायक कपड़े पहनने से आपको मानसिक स्थिति में मदद मिलती है।
इसके अलावा, परीक्षा से पहले एक अच्छी नींद लेना भी बहुत महत्वपूर्ण है। यदि आप ठीक से सोते हैं, तो आप अधिक सतर्क और ध्यान केंद्रित रहेंगे। मैंने हमेशा अपने छात्रों को यह सलाह दी है कि परीक्षा के दिन कोई नया टॉपिक न पढ़ें, बल्कि रिवीजन करें और रिलैक्स करें।
इन गलतियों से बचना आवश्यक है। मैंने देखा है कि कई छात्र बिना तैयारी के परीक्षा में चले जाते हैं, जो कि बहुत बड़ी गलती है।
परीक्षा से पहले के अंतिम सप्ताह में, एक अच्छी रिविजन योजना बहुत महत्वपूर्ण हो जाती है। आप पहले दिन पिछले प्रश्न पत्रों का हल करें, दूसरे दिन महत्वपूर्ण अवधारणाओं को दोहराएँ, तीसरे दिन विषय वार नोट्स तैयार करें और चौथे दिन मॉक टेस्ट लें। इस प्रकार के रिविजन से आप बेहतर तैयारी कर सकेंगे।
मैंने कई बार देखा है कि जब छात्र ऐसे रिविजन प्लान का पालन करते हैं, तो उनकी तैयारी बहुत मजबूत हो जाती है। परीक्षा से कुछ दिन पहले अपनी गलतियों को पहचानें और उन पर काम करें।
CTET परीक्षा के लिए कट-ऑफ पिछले वर्षों में भिन्न होता है। उदाहरण के लिए, 2021 में CTET की परीक्षा का कट-ऑफ 60% था। यह ध्यान रखना महत्वपूर्ण है कि प्रत्येक वर्ष कट-ऑफ में बदलाव होता है। इसलिए, हमेशा पिछले वर्षों के कट-ऑफ की तुलना करें। मैंने देखा है कि जो छात्र कट-ऑफ की प्रवृत्तियों को समझते हैं, वे अपनी तैयारी को अधिक सुसंगत तरीके से बना सकते हैं।
पिछले कुछ वर्षों में, मैंने पाया है कि EVS के प्रश्नों की संख्या में वृद्धि हुई है, जिससे छात्रों को इस विषय पर अधिक ध्यान देने की आवश्यकता है। इसलिए, यदि आप इस विषय में मजबूत हैं, तो आपकी सफलता की संभावना बढ़ जाती है।
CTET परीक्षा पास करने के बाद, छात्रों के पास सरकारी स्कूलों में शिक्षिका बनने का अवसर होता है। यह एक स्थिर करियर है जिसमें समय में वृद्धि होती है। मैंने देखा है कि कई टॉपर्स सरकारी स्कूलों में शिक्षक बनकर अपने करियर को सफलतापूर्वक आगे बढ़ा रहे हैं।
वेतन पैकेज भी आकर्षक है, जो अनुभव के साथ बढ़ता है। सरकारी शिक्षकों को विभिन्न लाभ मिलते हैं, जैसे कि पेंशन, छुट्टियाँ, और चिकित्सा सुविधाएँ। इसलिए, CTET परीक्षा पास करने के बाद, आपके लिए कई अवसर खुल जाते हैं।
कुछ टॉपर्स की सफलता की कहानियाँ हमें प्रेरित करती हैं। जैसे कि, एक छात्रा, पूजा ने मेहनत करके CTET में 95% अंक प्राप्त किए। उसने कहा कि नियमित अध्ययन और पिछले वर्ष के प्रश्न पत्र हल करना उसकी सफलता का मुख्य रहस्य था।
एक और छात्र, रोहित ने अपनी कठिनाइयों के बावजूद असाधारण परिणाम प्राप्त किए। उसने बताया कि सकारात्मक सोच और कड़ी मेहनत ने उसे इस सफलता तक पहुँचाया। ये कहानियाँ हमें यह सिखाती हैं कि कठिन परिश्रम के साथ सही दिशा में प्रयास करने से सफलता हमेशा मिलती है।